Monday, September 12, 2016

Production Of Xrays- Ionization, Exciation

जब कोई उच्च गति मान इलेक्ट्रान (Fast Moving Electron) Target से टकराता हैं, तब XRays का उत्पादन होता हैं | उच्च गतिमान इलेक्ट्रान में गतिज उर्जा (Kinetic Energy) निहित होती हैं, जो टारगेट मटेरियल से टकराने पर ऊष्मा (Heat) तथा Xray में परिवर्तित हो जाती हैं | अतः इलेक्ट्रान का टारगेट से टकराने पर XRays का उत्पादन होता हैं | इलेक्ट्रान के टारगेट से टक्कर के फलस्वरूप चार तरह के प्रभाव देखे जाते हैं |

(A) Excitation- इस प्रभाव में आपतित (Incident) इलेक्ट्रान टारगेट के बाहरी कक्ष ( Outer Shell ) के इलेक्ट्रान से परस्पर क्रिया ( Interaction ) करता हैं तब आपतित इलेक्ट्रान अपनी गतिज उर्जा का कुछ भाग बाहरी कक्षा के इलेक्ट्रान को दे देता हैं, जिससे यह अपने स्थान से उच्च कक्षा (Higher Shell ) में विस्तापित हो जाता हैं | जिसे उतेजित इलेक्ट्रान ( Excited Electron )कहते हैं |
(B) Ionization-  इस प्रक्रिया में आयनन (  Ionization ) होता हैं | आपतित इलेक्ट्रान टारगेट के बाहरी कक्ष के इलेक्ट्रान से Interaction  करता हैं, तथा आपतित इलेक्ट्रान बाहरी कक्ष के इलेक्ट्रान को इतनी पर्याप्त उर्जा दे देता है की वह अणु ( Atom) से पूर्णतया अलग हो जाता हैं | 
उत्सर्जित इलेक्ट्रान Secondary Electron कहलाते हैं | जो आगे दुसरे एटम में  Ionization तथा Excitation  कर सकते हैं, जिससे ऊष्मा का उत्पादन होता हैं | इस प्रक्रिया में भी Xray का उत्पादन नहीं होता हैं | 


0 comments:

Post a Comment